Narayani_aura
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खामोशी
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सिर्फ "आंखो का पानी" नहीं, मेरा रोम रोम लहू की गाथा जानता है। फिर भी अकसर "चुप" कह, मेरे दर्द को... खामोशी...
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पहचान (conclusion)
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हर पल दुःशासन का चीर हरण सहू फिर भी महाभारत की वजह.जानी जाऊ मैं। छोटी उम्र से दो कुनबों का मान ढो रही, थोडा डगमगा जाउ, तो कुल नाशिनी म...
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पहचान
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दरिया हु, पर फिर भी प्यासी मैं। रोशनी की किरण हु, पर अन्धेरो मे कहीं गुमनाम मैं। हर मन्जिल की राह हु, पर खुद के रास्तों मे भटकी मै। ...
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